ERPCC-2026 बैठक में झारखंड DGP तदाशा मिश्र ने उठाए सीमावर्ती सुरक्षा के अहम मुद्दे, नक्सलवाद, साइबर अपराध और ड्रग्स तस्करी पर संयुक्त कार्रवाई पर बनी सहमति

Mahak Kumari
3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now
YouTube Channel Subscribe

रांची: झारखंड की महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक श्रीमती तदाशा मिश्र ने सोमवार को पुलिस मुख्यालय सभागार में आयोजित पूर्वी क्षेत्रीय परिषद समन्वय समिति (ERPCC-2026) की बैठक में भाग लिया। यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित की गई, जिसमें बिहार, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशकों ने भी हिस्सा लिया। बैठक में अंतर्राज्यीय अपराधों की रोकथाम, नक्सल उन्मूलन, मादक पदार्थों की तस्करी पर नियंत्रण, साइबर अपराध की रोकथाम, रेलवे सुरक्षा तथा जीरो एफआईआर व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने को लेकर व्यापक चर्चा हुई।

बैठक के दौरान झारखंड की सीमावर्ती सुरक्षा चुनौतियों पर प्रकाश डालते हुए डीजीपी तदाशा मिश्र ने कहा कि झारखंड-ओडिशा, झारखंड-पश्चिम बंगाल, झारखंड-छत्तीसगढ़ और झारखंड-बिहार सीमा क्षेत्रों में नक्सली गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए संयुक्त अभियान, नियमित सूचना आदान-प्रदान और समन्वय बैठकों को और मजबूत करने की आवश्यकता है। उन्होंने माओवादी गतिविधियों के पुनर्गठन की किसी भी संभावना को समय रहते रोकने पर विशेष बल दिया।

मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध कार्रवाई को लेकर सीमावर्ती राज्यों के बीच संयुक्त चेकपोस्ट और नाकाबंदी, रियल-टाइम सूचना साझा करने, तस्करी नेटवर्क की गहन जांच तथा एनसीओआरडी (NCORD) पोर्टल के प्रभावी उपयोग पर सहमति बनी। सिंथेटिक ड्रग्स नेटवर्क के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई को भी प्राथमिकता देने का निर्णय लिया गया।

साइबर अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में राज्यों के बीच रियल-टाइम डेटा शेयरिंग, अंतर्राज्यीय जांच में सहयोग, फर्जी सिम कार्ड और म्यूल अकाउंट्स के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई तथा संयुक्त क्षमता निर्माण कार्यक्रमों को नियमित रूप से संचालित करने पर सहमति व्यक्त की गई। इसके साथ ही साइबर अपराधियों का साझा डेटाबेस तैयार करने, प्रत्येक राज्य में नोडल पदाधिकारियों की नियुक्ति तथा सिम विक्रेताओं के संयुक्त सत्यापन की आवश्यकता पर भी बल दिया गया।

बैठक में जीरो एफआईआर व्यवस्था के प्रभावी क्रियान्वयन की समीक्षा करते हुए इसके पंजीकरण एवं अंतर्राज्यीय आदान-प्रदान में आ रही व्यावहारिक समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। विशेष रूप से Cri&MAC पोर्टल की तकनीकी चुनौतियों, CCTNS के साथ इसके बेहतर एकीकरण, ऑनलाइन ट्रैकिंग व्यवस्था और न्यायालय में मूल आवेदन एवं हस्ताक्षर संबंधी प्रक्रियाओं के सरलीकरण के लिए भारत सरकार एवं संबंधित एजेंसियों को आवश्यक सुझाव भेजने पर सहमति बनी।

बैठक के अंत में झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशकों ने संगठित अपराध, नक्सलवाद, मादक पदार्थों की तस्करी, रेलवे सुरक्षा तथा साइबर अपराध के विरुद्ध संयुक्त एवं समन्वित कार्रवाई को और अधिक प्रभावी ढंग से जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया।

बैठक में डीजीपी तदाशा मिश्र के अलावा पुलिस महानिरीक्षक असीम विक्रांत मिंज, पुलिस महानिरीक्षक नरेन्द्र कुमार सिंह, पुलिस उप-महानिरीक्षक कार्तिक एस., पुलिस उप-महानिरीक्षक नौशाद आलम, पुलिस अधीक्षक हरविंदर सिंह, पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार शर्मा तथा पुलिस अधीक्षक सौरव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *