पार्ले-जी फैक्ट्री पहुंचे आरकेडीएफ यूनिवर्सिटी के छात्र, इंडस्ट्री विजिट में सीखे उत्पादन और मैनेजमेंट के गुर

Mahak Kumari
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रांची: विद्यार्थियों को व्यवहारिक शिक्षा से जोड़ने और उद्योग जगत की वास्तविक कार्यप्रणाली से परिचित कराने के उद्देश्य से आरकेडीएफ यूनिवर्सिटी, रांची के स्कूल ऑफ कॉमर्स एवं मैनेजमेंट द्वारा पार्ले-जी फैक्ट्री का औद्योगिक भ्रमण कराया गया। “क्लासरूम से इंडस्ट्री तक, ज्ञान से अनुभव तक” थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में छात्रों ने आधुनिक उत्पादन तकनीक, गुणवत्ता प्रबंधन और प्रोफेशनल कार्यसंस्कृति का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त किया।

बिस्किट निर्माण की पूरी प्रक्रिया को समझा

भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने बिस्किट निर्माण की संपूर्ण प्रक्रिया का अवलोकन किया। कच्चे माल की गुणवत्ता जांच से लेकर स्वचालित उत्पादन प्रणाली, आधुनिक बेकिंग तकनीक, गुणवत्ता नियंत्रण, पैकेजिंग, वेयरहाउसिंग, सप्लाई चेन मैनेजमेंट और वितरण व्यवस्था तक की पूरी जानकारी विशेषज्ञों ने दी। साथ ही बताया कि किसी भी प्रतिष्ठित ब्रांड की सफलता गुणवत्ता, अनुशासन, नवाचार और ग्राहकों के विश्वास पर आधारित होती है।

विशेषज्ञों ने बताए सफल करियर के मंत्र

पार्ले-जी प्लांट के निदेशक जगन्नाथ झा ने कहा कि उद्योगों को ऐसे युवा प्रोफेशनल्स की आवश्यकता है, जिनके पास मजबूत शैक्षणिक ज्ञान के साथ व्यावहारिक समझ, समस्या समाधान की क्षमता और सकारात्मक कार्य दृष्टिकोण हो। उन्होंने विद्यार्थियों को बदलती तकनीकों के अनुरूप खुद को लगातार अपडेट रखने की सलाह दी।

नई शिक्षा नीति के अनुरूप व्यवहारिक शिक्षा पर जोर

कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट प्रमुख अंकित प्रकाश, स्कूल ऑफ कॉमर्स एवं मैनेजमेंट की प्रमुख पूजा गुप्ता, डॉ. रंजीत कुमार, स्मिता सिन्हा, अनिमा और स्मृति सहित शिक्षकगण मौजूद रहे। कुलपति डॉ. एस. चटर्जी ने कहा कि नई शिक्षा नीति के तहत अनुभवात्मक शिक्षा भविष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता है। वहीं कुलसचिव डॉ. अमित कुमार पाण्डेय ने बताया कि विश्वविद्यालय इंडस्ट्री विजिट, इंटर्नशिप, लाइव प्रोजेक्ट और प्लेसमेंट गतिविधियों के माध्यम से छात्रों को रोजगार के लिए तैयार कर रहा है।

छात्रों ने बताया प्रेरणादायक अनुभव

भ्रमण में शामिल विद्यार्थियों ने इसे अपने शैक्षणिक जीवन का यादगार अनुभव बताया। उनका कहना था कि इस औद्योगिक भ्रमण से उन्हें पुस्तकों में पढ़े गए प्रबंधन सिद्धांतों को वास्तविक औद्योगिक माहौल में समझने का अवसर मिला। इस अनुभव ने उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने के साथ उद्योग जगत में करियर बनाने की नई प्रेरणा भी दी।

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