रांची: झारखंड मंत्रालय में शुक्रवार को मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग के कार्यों, योजनाओं और राजस्व संग्रह की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को विभागीय गतिविधियों, शराब नीति के क्रियान्वयन, राजस्व वृद्धि के प्रयासों और अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियानों की जानकारी दी।

समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि अवैध शराब के निर्माण, भंडारण और तस्करी के खिलाफ सख्त और निरंतर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तकनीक आधारित निगरानी प्रणाली को मजबूत किया जाए ताकि विभाग की कार्यक्षमता बढ़े और राजस्व संग्रह में अपेक्षित वृद्धि हो सके।
मुख्यमंत्री ने विभागीय कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और बेहतर समन्वय पर विशेष बल देते हुए कहा कि राज्य सरकार की मंशा उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग को अधिक प्रभावशाली, उत्तरदायी और जनहितकारी बनाना है। इसके लिए प्रवर्तन तंत्र को और मजबूत करने तथा सभी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर ध्यान देने की जरूरत है।
बैठक में विभागीय अधिकारियों ने विभिन्न योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट, चल रहे अभियानों की उपलब्धियों और आगामी कार्ययोजनाओं का प्रस्तुतीकरण किया। मुख्यमंत्री ने निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने तथा बेहतर परिणाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।