रांची: राजधानी रांची के डोरंडा स्थित छप्पन सेट में शारदीय नवरात्र की शुरुआत धार्मिक उल्लास और भव्य कलश शोभायात्रा के साथ हुई। सार्वजनिक दुर्गा पूजा समिति, छप्पन सेट की ओर से आयोजित इस शोभायात्रा में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। मां दुर्गा के जयकारों और भजन-कीर्तन के बीच पूरा इलाका भक्तिमय हो गया। बटन तालाब से पवित्र जल लाकर दुर्गा मंडप में विधि-विधान के साथ कलश स्थापित किया गया और मां दुर्गा की आराधना शुरू हुई।
बटन तालाब से दुर्गा मंडप तक निकली शोभायात्रा
कलश शोभायात्रा छप्पन सेट स्थित दुर्गा मंडप से प्रारंभ हुई। इसके बाद यात्रा गोरखा चौक, अंबेडकर चौक और विवेकानंद चौक होते हुए बटन तालाब पहुंची। वहां महिलाओं ने पवित्र जल भरा और कलश को माथे पर धारण कर धार्मिक जयकारों के साथ वापस दुर्गा मंडप पहुंचीं। राजेंद्र चौक और गोरखा चौक से गुजरती शोभायात्रा के दौरान श्रद्धा और उत्साह का माहौल देखने को मिला। मंडप पहुंचने के बाद वैदिक विधि-विधान के अनुसार कलश स्थापना की गई।
सनातन परंपरा और सामाजिक एकता का संदेश
समिति के मुख्य संरक्षक एवं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने कहा कि कलश शोभायात्रा हमारी धार्मिक आस्था, सनातन परंपरा और सामाजिक एकता का प्रतीक है। कलश स्थापना के माध्यम से मां दुर्गा का आह्वान कर समाज और परिवार की सुख-शांति, समृद्धि तथा जनकल्याण की कामना की जाती है। उन्होंने कहा कि धर्म का वास्तविक स्वरूप आपसी प्रेम, भाईचारे, सेवा और सद्भाव में दिखाई देता है। नवरात्र जैसे धार्मिक आयोजन समाज को एक सूत्र में बांधने का काम करते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से जलस्रोतों की स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने का संकल्प लेने की अपील भी की।
धार्मिक आयोजनों से मजबूत होते हैं संस्कार
समिति के संरक्षक कपिलदेव सिंह ने कहा कि कलश स्थापना भारतीय संस्कृति और प्राचीन धार्मिक परंपराओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ते हैं और समाज में सहयोग, सद्भाव तथा एकता की भावना को मजबूत करते हैं। समिति के अध्यक्ष गौतम दूबे (गोपी) ने कहा कि कलश स्थापना के साथ मां दुर्गा की आराधना का शुभारंभ होता है। उन्होंने आयोजन में सहयोग करने वाले सभी सदस्यों और श्रद्धालुओं के प्रति आभार जताया तथा सभी को नवरात्र की शुभकामनाएं दीं।
मां शैलपुत्री की पूजा के साथ शुरू हुआ नवरात्र
समिति के मीडिया प्रभारी मेहुल दूबे ने बताया कि नवरात्र के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना की जा रही है। पंडित उदय शंकर मिश्रा के मार्गदर्शन में यजमान मनीष कुमार दूबे विधिवत पूजा संपन्न कराएंगे। पूजा मंडप में प्रतिदिन सुबह और शाम आरती का आयोजन होगा। समिति ने श्रद्धालुओं से नियमित रूप से पूजा-अर्चना और आरती में शामिल होने की अपील की है।
सभी पूजा समितियां आपसी समन्वय से करेंगी आयोजन
कलश शोभायात्रा में डोरंडा क्षेत्र के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। इस दौरान रांची महानगर दुर्गा पूजा समिति के नेतृत्व में डोरंडा क्षेत्र के सभी पूजा पंडालों के बीच आपसी समन्वय बनाकर आयोजन करने का निर्णय लिया गया। साथ ही प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। इस अवसर पर आलोक कुमार दूबे, कपिलदेव सिंह, गौतम दूबे (गोपी) सहित समिति के कई सदस्य और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। भव्य कलश यात्रा और विधिवत कलश स्थापना के साथ छप्पन सेट में नवरात्र का शुभारंभ हुआ।