पटना: बिहार विधानसभा का गुरुवार का सत्र भारी हंगामे की भेंट चढ़ गया। बीजेपी विधायक श्यामबाबू प्रसाद की गाड़ी क्षतिग्रस्त किए जाने के मुद्दे को लेकर सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्य आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के विधायक अपनी सीटों से उठकर वेल में पहुंच गए और जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी।
हंगामे के बीच विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार लगातार सदन को शांत कराने का प्रयास करते रहे। उन्होंने कई बार सदस्यों से अपनी-अपनी सीटों पर लौटने और सदन की मर्यादा बनाए रखने की अपील की, लेकिन दोनों पक्षों के तेवर नरम पड़ते नहीं दिखे।
बीजेपी विधायकों ने श्यामबाबू प्रसाद की गाड़ी में हुई तोड़फोड़ को गंभीर सुरक्षा और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा मामला बताते हुए सरकार से जवाब मांगा। वहीं, सत्ता पक्ष के विधायकों ने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए अपना पक्ष मजबूती से रखा। इस दौरान सदन में तीखी नोकझोंक और आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा।
हंगामे के बीच नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी भी चर्चा का केंद्र बनी रही। कई सदस्यों ने उनकी अनुपस्थिति को लेकर भी टिप्पणी की। लगातार जारी शोर-शराबे के कारण विधानसभा की कार्यवाही प्रभावित हुई और सदन का माहौल काफी तनावपूर्ण बना रहा।