रांची: झारखंड सरकार ने अपराध एवं अन्य घटनाओं से प्रभावित पीड़ितों और उनके आश्रितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बड़ा कदम उठाया है। गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग (अभियोजन निदेशालय) ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए झारखंड विक्टिम कम्पनसेशन स्कीम-2012 के तहत कुल 6.71 करोड़ रुपये की राशि जारी की है।
अभियोजन निदेशक राज कुमार सिंह द्वारा जारी आदेश के अनुसार राज्य के नौ जिलों के उपायुक्तों को यह राशि आवंटित की गई है, ताकि पात्र पीड़ितों एवं उनके परिजनों को समय पर मुआवजा उपलब्ध कराया जा सके। सरकार का कहना है कि इस पहल से न्यायिक प्रक्रिया के साथ-साथ पीड़ितों को आर्थिक संबल भी मिलेगा।
जारी आवंटन सूची के अनुसार पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) को सबसे अधिक 2.40 करोड़ रुपये, जबकि हजारीबाग को 1.35 करोड़ रुपये और गोड्डा को 1.10 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा सरायकेला-खरसावां को 82 लाख, गिरिडीह को 42 लाख, जामताड़ा को 25 लाख, लोहरदगा को 14 लाख, साहेबगंज को 12 लाख और पूर्वी सिंहभूम (जमशेदपुर) को 10 लाख रुपये दिए गए हैं।
सरकार ने राशि के उपयोग को लेकर स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। संबंधित जिलों के उपायुक्त या उनके द्वारा अधिकृत अधिकारी ही इस राशि के आहरण एवं वितरण पदाधिकारी (DDO) होंगे। राशि की निकासी जिला अथवा अनुमंडल कोषागार से की जाएगी और इसका उपयोग केवल पीड़ित मुआवजा भुगतान के लिए ही किया जा सकेगा। किसी अन्य मद में राशि खर्च करने की अनुमति नहीं होगी।
साथ ही निर्देश दिया गया है कि यदि वित्तीय वर्ष के अंत तक आवंटित राशि खर्च नहीं हो पाती है तो उसे नियमानुसार सरकार को वापस (सरेंडर) करना होगा। सरकार ने पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों को निर्धारित नियमों का सख्ती से पालन करने को कहा है।