Ranchi: रांची के अरगोड़ा स्थित सांसद कार्यालय में केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने प्रेस वार्ता कर नगर निगम चुनाव 2026 की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठाए।
संवाददाताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि झारखंड के लोकतांत्रिक इतिहास में नगर निकाय चुनाव 2026 को सबसे कुव्यवस्थित चुनाव के रूप में याद किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासनिक अव्यवस्था और साजिश के कारण 50 हजार से अधिक मतदाताओं का वोट प्रभावित हुआ है।
“एक परिवार, अलग-अलग वार्ड और बूथ”
संजय सेठ ने कहा कि कई मामलों में एक ही परिवार के सदस्यों को अलग-अलग वार्ड और अलग-अलग मतदान केंद्रों में बांट दिया गया। इतना ही नहीं, वार्ड पार्षद और महापौर के बैलेट पेपर एक ही मतपेटी में डाले जाने की शिकायतें भी सामने आईं।
उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में मतदाता वोटर पर्ची लेकर बूथ पर पहुंचे, लेकिन सूची में उनका नाम ही नहीं था। बुजुर्ग मतदाताओं के लिए भी किसी प्रकार की विशेष व्यवस्था नहीं की गई।
NOTA हटाने और बैलेट पेपर में गड़बड़ी का आरोप
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लोकसभा और विधानसभा चुनाव में जहां NOTA का प्रावधान होता है, वहीं इस चुनाव में NOTA को हटा दिया गया। इसके अलावा बैलेट पेपर की छपाई में भी बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई। कई मतदाताओं को यह तक स्पष्ट नहीं था कि मोहर कहां लगानी है, जिससे मतदान प्रभावित हुआ।
निष्पक्ष जांच की मांग
संजय सेठ ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि जो भी दोषी पाए जाएं, उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की विश्वसनीयता बनी रहे।