कोकराझार: असम विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। शनिवार को गोसाईगांव में आयोजित जनसभा में Hemant Soren के समर्थन में भारी भीड़ देखने को मिली। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों और गूंजते नारों ने चुनावी माहौल को और गरमा दिया।
सभा को संबोधित करते हुए हेमंत सोरेन ने शोषित और वंचित समाज से एकजुट होने की अपील की। उन्होंने कहा कि लंबे समय से उपेक्षा झेल रहे लोग अब जागरूक हो चुके हैं और अपने अधिकारों के लिए निर्णायक भूमिका निभाने को तैयार हैं। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि इस बार चुनाव केवल वादों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य और जमीन जैसे बुनियादी मुद्दे केंद्र में रहेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि कोकराझार और आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोग अब पारंपरिक वोट बैंक की राजनीति से बाहर निकलकर अपने भविष्य का फैसला खुद करना चाहते हैं। सभा के दौरान ‘तीर-धनुष’ को उन्होंने संघर्ष और बदलाव का प्रतीक बताया।
स्थानीय स्तर पर यह संकेत मिल रहे हैं कि यह चुनाव वंचित वर्ग के लिए सम्मान, अधिकार और पहचान की लड़ाई बनता जा रहा है, जिसमें उनकी भागीदारी पहले से अधिक सक्रिय दिख रही है।